मैं रक्त की हर बूंद से तेरी तस्वीर बनाके ,
रखूं तो किस दिवार पे , ये बता प्रिये.
मै सड़कों पे रात बिताने वाला,
मिटटी में , अम्बर के तले सोने वाला,
तेरी अश्कों को, अपने पलकों से उठा कर,
मै संभालूं तो कहाँ , ये बता प्रिये..Crasaa
मैं रक्त की हर बूंद से तेरी तस्वीर बनाके ,
रखूं तो किस दिवार पे , ये बता प्रिये.
मै सड़कों पे रात बिताने वाला,
मिटटी में , अम्बर के तले सोने वाला,
तेरी अश्कों को, अपने पलकों से उठा कर,
मै संभालूं तो कहाँ , ये बता प्रिये..Crasaa