ॐ शंकरा- ॐ शंकरा


ॐ शंकरा- ॐ शंकरा
जो गए रही है उसपे ही दिल आया.
ॐ शंकरा-ॐ शंकरा, ॐ शंकरा
भोलेनाथ इससे ज्यादा मुझे कुछ ना भाया।
सावन में मुझे और भी मीठे लगे
जब चढ़े तुमपे बेल-पत्र, भांग-धतूरा
ॐ शंकरा -ॐ शंकरा, ॐ शंकरा.

सावन


नयनों से बड़ी कातिल, रखती है चंचल आदयें वो
भाती हैं मुझे जब जयकारा लगाए वो.
यूँ तो शर्मा जाती है प्रेम में
पर सावन में लगते है हाला-लगाए वो.
मन से भोली, नजरों की शातिर
बैठी हैं दुनिया को नचाये वो.
भाती है मुझे जब ॐ शंकर गाये वो.
हर-हर महादेव।

नजर भर रही


नजर की ख्वाइस, नजर भर रही
शहर को पता है, वो बस सहर भर रहीं।
मैं बुलाता भी उनको तो कैसे मगर?
जो उम्र भर का कह के, बस एक पहर भर रहीं।
सुना है शहर में ऐसा कोई घर नहीं
जहाँ नहीं वो कभी एक पहर भर रहीं।

RSD

वक्त ऐसा भी नहीं


वक्त ऐसा भी नहीं
तारीफ़ के मैं काबिल नहीं
वक्त जिसको भी देख रहा
वो मेरा साहिल नहीं।

ख्वाब कितने टूट गए
फिर भी मैं चल रहा
रुक जाऊं मैं कहीं
वो शहर मुझे मिला नहीं।

तू खुदा हैं कहीं तो
दिख मुझे रहा नहीं
मैंने जिसे खुदा कहा
वो मेरा अब रहा नहीं।

उम्र भर की ख्वाइशे
सिमट कर जहाँ एक हुई
वो भी कोई चुरा गया
किस्मत का धनि मैं रहा नहीं।

दर्द में डूबी हो रात
और वो ना याद आएं
हो वो एक ना ख्वाब आयें
ऐसी कोई रात यहाँ नहीं।

RSD

रात


जो गुजरी है शाम, काश वो रात बन जाती
जी लेते तनहा ताउम्र जो वो एक मुलाकात बन जाती।

RSD

किताबों की दुनिया


जिनको भी मिलीं हैं किताबों की दुनिया
वो ना शहर के रहें, ना सहर के रहें।
जंग रही उनकी सदा अंधेरों से
मगर ना वो रौशनी के रहें , ना चांदनी के रहें।
बहुत दिन तक हम भी इसी गुमान में रहे
पर अंत में ना खुदा के रहें, ना महबूबा के रहें।

RSD

ए हुजूर


ए हुजूर,
आप जिस डाली पे बैठें हैं
वो मेरे वृक्ष पे है.
और कुल्हाड़ी
आपकी आलमारी में है.

RSD

My soil


The beauties of the whole world can not make the fragrance of my dust and the rains of my soil.

RSD

Ahhh, I miss the color now


Life is a complete circle for someone
A linear road for others.
It is full of ups and downs and struggles for a majority
And full of dreams and beaches for the remaining.
For me, it started and will end at a single point.
The journey I started without any technology
And still got the most memorable patches of colors.
The path was full of dust but still contained a rainbow every day.
Even He can not compensate for the loss I suffered.
Today, I might be in the top ten percent, enjoying all the benefits of technology.
But still no rainbow, no fun, and no patches of color without dust.
When the heart of God loses its color
When dust and rain can not create the color of a rainbow
A father comes and fills the color for his son.
A father makes a rainbow, making the world colorful for his son.
Ahhh, I miss the color now.

RSD