सास-पतोह


बिगड़ैल हमार पीया एक नंबर के बदमाश
सासु कहस, “पतोहू तानी ठंढा कर अ आग”
हमसे ना सम्भले हमार ही जामल त
कैसे संभाली सासु राउर जामल हाँ?

पियक्कड़ हमार पीया एक नंबर के चसकल
सासु कहस, “पतोहू तानी कस के रख अ लगाम”
हमसे ना सम्भले हमार ही जामल त
कैसे संभाली सासु राउर जामल हाँ?

परमीत सिंह धुरंधर 

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