माँझी बिहारी


शहंशाह ताज तो बना सकते हैं,
अपने मुमताज के लिए.
लेकिन वो माँझी बिहारी होते हैं,
जो पहाड़ को गिरा दें अपने महबूब के लिए.

 

Dedicated to Dashrat Manjhi from Bihar.

 

परमीत सिंह धुरंधर

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