Java


ए Java तेरी चाहत में हमने,
रातों की नींदे उड़ा दी.
मेरे महबूब ने थामा किसी और को,
हमने आँखे Terminal में गड़ा दी.
Compiler इतने Error दे रहा है,
दिल की बेचैनी बढ़ती जा रही.
ए Java तेरी चाहत में हमने,
खाना – पीना सब छोड़ दिया है,
मेरे महबूब ने तोडा है दिल मेरा,
अब तू तो वफ़ा दिखा दे.

 

परमीत सिंह धुरंधर

मोहब्बत:सौ जिस्म को पाने की एक होड़ है


मोहब्बत अब वो महब्बत नहीं,
बस शिकवा-शिकायत है.
सौ जिस्म को पाने की,
बस एक होड़ है.
नारी सौ दहलीज को लांघ कर भी,
जहाँ शर्म से अब भी बंधी है,
ऐसे असंख्य झूठे कहानियों की,
एक किताब है.
झूठे आंसू, झूठे वादे,
झूठे अदाओं से भरपूर,
बेवफाओं की एक दास्ताँ है.

 

परमीत सिंह धुरंधर

Your kisses are marijuana


Your kisses are marijuana,
For me,
How can I stop to inhale?
Every wave inside me,
Wants your arms around me.
For such small thing,
How can I forget to dream?
Your eyes are moon in my sky,
I cannot walk alone,
In the dark night,
How can I leave you?

Parmit Kumar Singh

उलझते – उलझते


यूँ ही उलझनों में,
उलझते – उलझते,
सुलझाई है मैंने जिंदगी।
उनको नाज है की वो,
महफ़िलों की चाँद हैं.
मगर मैंने आज भी अंधेरों में,
जलाये राखी है ये रौशनी।

परमीत सिंह धुरंधर

मुसाफिर


सारे रिश्ते खामोस हो गए,
हम किसी राह पे,
वो किसी राह के मुसाफिर हो गए.
न कोई खबर, न इल्तिजा,
हम तो तन्हा ही हैं,
पर सुना है,
उनके लाखों रिश्तेदार हो गए.

परमीत सिंह धुरंधर

करवा-चौथ


मैं दीवाना बहुत था जिन नजरों पे,
वो कातिल बड़ी थी अदाओं से.
मैं ज्यूँ – ज्यूँ उनके नजदीक आता गया,
वो पकड़ती गयीं मुझे हर नब्ज से.
मैं जन्नत समझ के जिसे रुक गया.
वो इतरा -इतरा के फिर,
रखने लगी मुझे ठोकरों में.
मैं सह गया हर सितम जिसकी मोहब्बत में,
उसने करवा-चौथ रखा किसी और के नाम में.

परमीत सिंह धुरंधर

व्रह्मचर्य


एक बार टूटा दिल मेरा ऐसे,
अब सौ भुजंगों का विष सह लूँ.
नारी के प्रेम से अच्छा है,
मैं शिव सा विषपान कर लूँ.
छल रहीं हैं सारी सृष्टि को,
जाने कब से अपने प्रेम में.
इनके सौंदर्य को निहारने से अच्छा है,
मैं लक्ष्मण सा पर्ितयाग कर दूँ.
बस दिखावा है इनका दम्भ,
अपने चरित्र के मान का.
इनको अपना बनाने से अच्छा है,
मैं शुक सा व्रह्मचर्य धारण कर लूँ.

परमीत सिंह धुरंधर

Kashmiri girl


If I have to marry a Kasmiri girl, I would not ask her religion. In other words, if every girl were bad, I would chose a Kasmiri girl without asking her age, character and religion.

Parmit Singh Dhurandhar

पर्दा


कभी मिलो न तुम,
आँखों पे डाल के पर्दा।
सारी रात रखेंगे,
हम दो हाथ का फासला।
दिए सा बन के मन जलता रहेगा,
पर हम ना पट खोलेंगें,
ना तुम लबों से ही कुछ कहना।
कभी मिलो न तुम,
आँखों पे डाल के पर्दा।

परमीत सिंह धुरंधर

आप थे, तो किसी के चुम्बन में भी मज़ा था


जिंदगी के इस दौर में अकेला पड़ गया हूँ,
भीड़ से सजी इस बस्ती में भी मैं तन्हा पड़ गया हूँ.
ए पिता, धीरे – धीरे तेरी चाहत बढ़ने लगी है.
जिंदगी हैं मजबूर अब,
बिना तुम्हारे बोझ सी लगने लगी है.
आप थे, तो किसी के चुम्बन में भी मज़ा था,
बन के भौंरा, मैं भी मंडराता था.
अगर आप होते, तो मैं इठलाता,
अगर आप होते, तो मैं मंडराता,
फूल तो लाखों हैं, पर उनमे अब वो बात नहीं,
रिश्ते तो कई बन रहे, मगर वो मिठास नहीं।
रिश्तों के संगम में भी मैं प्यासा रह गया हूँ.
ए पिता, धीरे – धीरे तेरी चाहत बढ़ने लगी है.
जिंदगी हैं मजबूर अब,
बिना तुम्हारे बोझ सी लगने लगी है.

There is no meaning to have living relationship if you do not have a good relationship with your father.

परमीत सिंह धुरंधर